✍️NIC- राष्ट्रीय सूचना विज्ञान केंद्र (बेंगलुरु)
✍️पर्यावरण मंत्रालय ने देश के आठ समुद्री तटों को अंतरराष्ट्रीय ब्लू फ्लैग के दर्जे में शामिल करने की सिफारिश की है।
1.गुजरात के शिवराजपुर
2.ओडिशा का गोल्डन तट
3.केरल का कप्पड़
4.आंध्र प्रदेश का रुशीकोंडा
5.कर्नाटक का पदुबिद्री
6.कसरकोद
7.अंडमान एवं निकोबार का एक तट
8.दमन- दीव के का एक तट
👉केंद्रीय पर्यावरण मंत्री प्रकाश जावडेकर ने शुक्रवार को विश्व कोस्टल दिवस पर इसकी घोषणा की ।
👉विश्व कोस्टल दिवस फिलहाल दुनिया के सौ देशों में मनाया जाता है ।
👉आने वाले 4 वर्षों में देश की करीब 100 ओर तटों को चमकाया जाएगा।
👉क्या है ब्लू फ्लैग?-
किसी भी समुद्री तट यानी बीच को दिया जाने वाला एक खास तरीके का प्रमाण - पत्र होता है, जो ‘ फाउंडेशन फॉर एनवॉयरमेंटल एजुकेशन ' नामक एक अंतरराष्ट्रीय गैर - सरकारी संगठन द्वारा दिया जाता है ।
इस संगठन का उद्देश्य पर्यावरणीय जागरूकता के जरिये सतत विकास को बढावा देना है ।
डेनमार्क के कोपनहेगन शहर स्थित इस संगठन द्वारा ' ब्लू फ्लैग ' सर्टिफिकेट की शुरुआत वर्ष 1985 में की गई थी । इस अलावा यह संस्था चार अन्य कार्यक्रम भी चलाती है , जिनमें इको - स्कूल्स , यंग रिपोर्टर्स फॉर द एनवायरनमेंट , लनिंग फॉर फॉरेस्ट और ग्रीन की इंटरनेशनल शामिल हैं ।
✍️सबसे लंबे समय तक सेवा देने वाला युद्धपोत- आईएनएस विराट
✍️एक ताजा रिपोर्ट के अनुसार कोविड-19 के चलते देश के मीडिया और मनोरंजन उद्योग के क्षेत्र के राजस्व क्षेत्र में 16 फ़ीसदी की गिरावट आई है।
✍️अमेरिका में टिक टॉक के साथ वी चैट पर भी पाबंदी लगा दी है।
✍️भारत-पाकिस्तान के बीच सिंधु समझोता 19 सितंबर 1960 को हुआ था।
👉भारत के तत्कालीन पीएम जवाहरलाल नेहरू तथा उनके समकक्ष अयूब खान के बीच हस्ताक्षर हुए थे।
👉इसके तहत छह में से तीन नदियों के पानी के इस्तेमाल का अधिकार भारत को है।
✍️ओलंपिक पदक जीतने वाली पहली भारतीय महिला- कर्णम मल्लेश्वरी
सिडनी ओलंपिक में 19 सितंबर 2000 को 69 वर्ग भार किग्रा में 240 किग्रा वजन उठाकर कांस्य पदक अपने नाम किया था।
✍️अंतरिक्ष में सर्वाधिक दिन बिताने वाली- सुनीता विलियम्स
✍️One liner Questions
👉हाल ही में किस कंपनी ने भारत के लिए नए संसद भवन के निर्माण का ठेका लिया है ?- Tata Projects Ltd. ने
👉हाल ही में नरेंद्र मोदी ने किस राज्य में ऐतिहासिक कोसी रेल महासेतु को राष्ट्र को समर्पित किया है?- बिहार
👉कौनसा देश संयुक्त राष्ट्र द्वारा निर्धारित सतत् विकास लक्ष्यों से जुड़ा एक संप्रभु ब्रांड जारी कसे वाला दुनिया का पहला देश बन गया ?- मेक्सिको
👉हाल ही में जारी देश के पहले इंडिया हेप्पीनेस रिपोर्ट 2020 में बड़े राज्यों में शीर्ष पर रहा है ?- पंजाब
👉हाल ही में मोबिक्विक के नए Co - Founder&CEO के रूप में किसे नामित किया गया है?- चंदन जोशी को
👉विश्व बांस दिवस- 18 सितंबर
👉हाल ही में किस राज्य सरकार ने कुपोषित बच्चों के परिवारों को गाय देने का फैसला किया है- उत्तरप्रदेश सरकार ने
👉हाल ही में किस संस्था ने AICTE का उत्कर्ष संस्थान विश्वकर्मा पुरस्कार ( USVA) 2020 जीता है?- कॉलेज ऑफ इंजिनियरिंग , पुणे
👉हाल ही में किस राज्य सरकार ने Anika Spandance ऋण वितरण कार्यक्रम शुरु किया ?- कर्नाटक ने
👉अंतर्राष्ट्रीय समान वेतन दिवस - 18 सितंबर
👉कौनसा देश जिबूती आचार संहिता ( रजेद्दा संशोधन) में पर्यवेक्षक के तौर पर शामिल हुआ है?- भारत
👉सांसदो के वेतन में वर्ष के लिए कितने कटौती करने वाला विधेयक लोकसभा में पारित हुआ ?- 30%
✍️ कृषि विधेयक एक नजर में
केंद्र सरकार ने वर्ष 2022 तक किसानों की आय दोगुनी करने का लक्ष्य तय किया है , जिसके लिए कृषि क्षेत्र में सुधार के प्रयास किए जा रहे हैं । इसी सिलसिले में विगत दिनों लोकसभा से तीन विधेयक पारित किए गए-
1. कृषि उत्पाद व्यापार और वाणिज्य विधेयक 2020
2. मूल्य आश्वासन और कृषि विधेयक 2020
3. आवश्यक वस्तु संशोधन विधेयक 2020
चर्चा में क्यों?- विपक्ष द्वारा प्रबल विरोध किए जाने पर
1. कृषि उत्पाद व्यापार और वाणिज्य विधेयक -2020
अहम प्रावधान
• ऐसी व्यवस्था बनाना जहां किसान व व्यापारी राज्यों में स्थित कृषि उत्पाद बाजार समिति से बाहर उत्पादों की खरीद - बिक्री कर सकें ।
• राज्य के भीतर तथा राज्य के बाहर किसानों के उत्पादों के निर्बाध व्यापार को बढ़ावा देना ।
• व्यापार व परिवहन लागत को कम करके किसानों को उनके उत्पादों का अधिक मूल्य दिलवाना ।
• ई - ट्रेडिंग के लिए सुविधाजनक तंत्र विकसित करना ।
विरोध की वजह
• किसान अगर पंजीकृत कृषि उत्पाद बाजार समिति के बाहर अपने उत्पाद बेचने लगे तो मंडियां शुल्क नहीं ले पाएंगी । इससे राज्यों को राजस्व का नुकसान उठाना पड़ेगा ।
• मंडियों के बाहर अगर कृषि उत्पाद की खरीद - बिक्री शुरू होगी तो राज्यों में स्थित कमीशन एजेंट ' बेरोजगारहो जाएंगे । • इससे न्यूनतम समर्थन मूल्य ( एमएसपी ) आधारित खरीद प्रणाली खत्म हो जाएगी ।
• ई - नाम जैसे सरकारी ई - ट्रेडिंग पोर्टल का कारोबार मंडियों पर आधारित है । कारोबार के अभाव में जब मंडियां बर्बाद हो जाएंगी तो ई - नाम का क्या होगा ।
किसानों को लाभ
• किसान अपने उत्पादों को बेचने के लिए मंडी के व्यापारियों तक ही सीमित नहीं होगा । इससे कृषि उत्पादों को अच्छी कीमत मिल सकेगी ।
• मंडियों के अलावा फार्मगेट , कोल्ड स्टोर , वेयरहाउस व प्रसंस्करण यूनिटों के पास भी व्यापार के ज्यादा अवसर पैदा होंगे ।
• मंडियों व किसानों के बीच में आने वाले बिचौलिए किसानों के हक पर चोट करते हैं । नई व्यवस्था में बिचौलियों की गुंजाइश नहीं रहेगी । देश में प्रतिस्पर्धी डिजिटल व्यापार को प्रोत्साहन मिलेगा , जिसमें पारदर्शिता ज्यादा होगी । इसका सीधा लाभ किसानों को मिलेगा व उनकी आय में वृद्धि होगी ।
2. मूल्य आश्वासन व कृषि सेवा विधेयक -2020
अहम प्रावधान
•किसानों को कृषि कारोबार करने वाली कंपनियों , प्रसंस्करण इकाझ्यों , थोक विक्रेताओं , निर्यातकों व संगठित खुदरा विक्रेताओं से सीधे जोड़ना । कृषि उत्पादों का पूर्व में ही दाम तय करके व्यापारियों से करार की सुविधा प्रदान करना ।
• पांच हेक्टेयर से कम भूमि वाले सीमांत व छोटे किसानों को समूह व अनुबंधित कृषि का लाभ देना । देश के 86 फीसद किसानों के पास पांच हेक्टेयर से कम जमीन है ।
• बाजार की अनिश्चितता के खतरे का नुकसान किसानों की बजाय प्रायोजकों पर निर्धारित करना । अधिक उत्पादन के लिए किसानों तक आधुनिक प्रौद्योगिकी पहुंचाना ।
• विपणन की लागत को कम करके किसानों की आय को बढ़ाना । बिचौलियों की बाधा को दूर करना । 30 दिनों के भीतर विवादों के निपटारे की व्यवस्था करना ।
विरोध की वजह
• अनुबंधित कृषि समझौते में किसानों का पक्ष कमजोर होगा । वे अपनी जरूरत के अनुरूप मोलभाव नहीं कर पाएंगे ।
• प्रायोजक शायद छोटे व सीमांत किसानों की बड़ी संख्या को देखते हुए उनसे परहेज करें । क्योंकि , इन किसानों के लिए उन्हें बड़ा तंत्र विकसित करना पड़ सकता है ।
• बड़ी कंपनियां , निर्यातक , थोक विक्रेता व प्रसंस्करण इकाझ्या विवाद का लाभ लेना चाहेंगी । इसका नुकसान किसानों को उठाना पड़ सकता है ।
• नए कानून से कृषि क्षेत्र भी पूंजीपतियों या कॉरपोरेट घरानों के हाथों में चला जाएगा और इसका नुकसान किसानों को ही होगा ।
किसानों को लाभ
• कृषि क्षेत्र में शोध व विकास ( आर एंड डी ) कार्यक्रमों को बढ़ावा मिलेगा । अनुबंधित किसानों को सभी प्रकार के कृषि उपकरणों की सुविधाजनक आपूर्ति हो सकेगी ।
• अनुबंधित किसानों को उत्पाद बेचने के लिए मंडियों या व्यापारियों के चक्कर नहीं लगाने होंगे
• किसान को नियमित और समय पर भुगतान मिल सकेगा । इसका लाभ 86 फीसद सीमांत व छोटे किसानों को मिलेगा । • खेत में ही उपज की गुणवत्ता जांच , ग्रेडिंग , बैगिंग व परिवहन जैसी सुविधाएं उपलब्ध होंगी । कृषि उत्पाद की गुणवत्ता सुधरेगी और निर्यात को बढ़ावा मिलेगा ।
3. आवश्यक वस्तु ( संशोधन ) विधेयक -2020
अहम प्रावधान
• अनाज , दलहन , तिलहन , प्याज व आलू आदि को आवश्यक वस्तु की सूची से हटाना। युद्ध जैसी अपवाद स्थितियों को छोड़कर इन उत्पादों के संग्रह की सीमा तय नहीं की जाएगी ।
• इस प्रावधान से कृषि क्षेत्र में निजी व प्रत्यक्ष विदेशी निवेश को बढ़ावा मिलेगा , क्योंकि उन्हें कारोबार में नियामकों के बेवजह हस्तक्षेप का डर नहीं रहेगा ।
• कीमतों में स्थिरता आएगी । प्रतिस्पर्धा का माहौल बनेगा और कृषि उत्पाद का नुकसान कम होगा । कोल्ड स्टोर व खद्यान्न आपूर्ति श्रृंखला के आधुनिकीकरण में निवेश को प्रोत्साहन ।
विरोध की वजह
• असामान्य परिस्थितियों के लिए तय की गई कीमत की सीमा इतनी अधिक होगी कि उसे वहन करना आम लोगों के वश में नहीं होगा ।
• बड़ी कंपनियां आवश्यक वस्तुओं का भंडारण करेंगी । इसका मतलब है कि कंपनियां किसानों पर शर्ते थोपेंगी , जिससे उत्पादकों को कम कीमत मिलेगी ।
• हाल ही में प्याज के निर्यात पर रोक लगाने की घोषणा की गई है , लेकिन इससे अनुपालन को लेकर संशय है ।
किसानों को लाभ
• जब सब्जियों की कीमत दोगुनी हो जाएगी या खराब न होने वाले अनाज का मूल्य 50 फीसद बढ़ जाएगा तो सरकारभंडारण की सीमा तय कर देगी। युद्ध व आपदा जैसी स्थितियों में उत्पादों की कीमतों का नियंत्रण सरकार के हाथों में होगा । इस प्रकार किसान वखरीदार दोनों को फायदा होगा • कोल्ड स्टोर व खाद्य प्रसंस्करण उद्योग में निवेश बढ़ेगा , क्योंकि वे अपनी क्षमता के अनुरूप उत्पादों का भंडारण कर सकेंगे । इससे किसानों की फसल बर्बाद नहीं होगी और उन्हें समुचित कीमत मिलेगी ।
• फसलों को लेकर किसानों की अनिश्चितता खत्म हो जाएगी । व्यापारी आलू व प्याज जैसी फसलों की भी ज्यादाखरीद करके उनका कोल्ड स्टोर में भंडारण कर सकेंगे । इससे प्रतिस्पर्धा बढ़ेगी और किसानों को लाभ मिलेगा ।
टिप्पणियाँ
एक टिप्पणी भेजें
Welcome on my blog ...tnx for reading